उत्तराखंड अपनी खूबसूरत वादियों, नदी-झरने के अलावा अपने पहाड़ी खाने के लिए भी खूब जाना जाता है. पहाड़ी खाना टेस्टी होता है और इसे बनाने में भी बिल्कुल समय नहीं लगता है. रोजाना एक जैसा दाल-चावल और रोटी-सब्जी खाकर अगर आप भी बोर गए हैं, तो आप एक बार आलू-मूली थिचवानी ट्राई कर सकते हैं.
आजतक आपने आलू और मूली को अलग-अलग बनाकर खाया होगा, लेकिन एक बार इन दोनों को साथ में बनाकर खाएं, आप इस डिश के फैन हो जाएंगे. उत्तराखंड में इस डिश को आमतौर पर दोपहर के समय चावल के साथ खाने के लिए बनाया जाता है. यह खासकर कुमाऊं और गढ़वाल क्षेत्रों की फेमस पारंपरिक डिश है, जो आलू और मूली को काटने की बजाय थींचकर बनाई जाती है. सबसे अच्छी बात यह है कि इस आप घर पर आसानी से बना सकते हैं.
आइए आपको आलू-मूली थिचवानी की आसान रेसिपी बताते हैं, बस कुछ आसान स्टेप्स फॉलो करके आप इस डिश को लंच में बना सकते हैं.
आलू-मूली थिचवानी के लिए इंग्रेडिएंट्स
2 मिडियम आलू
1 मिडियम मूली
2 बड़े चम्मच सरसों का तेल
1 छोटा चम्मच जीरा / जखिया
1/4 छोटा चम्मच हींग
2-3 हरी मिर्च
1/2 छोटा चम्मच हल्दी
1 छोटा चम्मच धनिया पाउडर
1/2 छोटा चम्मच लाल मिर्च पाउडर
नमक स्वादानुसार
2 कप पानी
हरा धनिया सजाने के लिए
2 चम्मच राई या भांग के बीज
5-6 कलियां लहसुन
एक छोटा टुकड़ा अदरक
साबुत लाल मिर्च
हींग
1 प्याज (बारीक कटा हुआ)
आलू-मूली थिचवानी बनाने का आसान तरीका
सबसे पहले आलू और मूली को छीलकर मोटे टुकड़ों में काट लें और सिलबट्टे या ओखली में हल्का कूट लें.
इसके बाद सिलबट्टे में अदरक, लहसुन, हरी मिर्च और नमक, हल्दी, धनिया पाउडर, लाल मिर्च डालकर पीस लें. इस मसाले को एक कटोरी में निकालकर साइड में रख लें.
फिर सिलबट्टे पर भांग की बीज या राई लें और उनको हल्का पानी डालकर पीस लें और बारीक पेस्ट बना लें.
गैस पर कड़ाही गर्म करें और उसमें सरसों का तेल डालें. जब तेल गर्म हो जाए तो इसमें पहाड़ी जखिया या फिर आप जीरा भी डाल सकते हैं.
जीरा भूनने के बाद साबुत लाल मिर्च, हींग और प्याज डालकर फ्राई करें, प्याज के हल्का गोल्डन होने के बाद अदरक-लहसुन का पेस्ट डालकर भून लें.
फिर इसमें आलू डालें और ढक्कन रखकर 2 से 3 मिनट तक पकने दें, उसके बाद मूली डालकर सबको मिला लें.
आलू-मूली को डालने के बाद गर्म पानी डालें और नमक मिलाकर ढक्कन रखकर 5 मिनट तक पकाएं.
उसके बाद ऊपर से पीसी हुई भांग का मिक्सर का छलनी की मदद से सिर्फ डालें, अगर आपके पास भांग के बीज नहीं है तो आप राई भी बारीक पीसकर इसमें मिला सकते हैं.
जब आलू-मूली अच्छी तरह से पक जाएं तो आखिर में हरा धनिया काटकर डालकर गार्निश करें.
इस तरीके से करें परोसे
गरमा-गरम आलू-मूली थिचवानी को आप चावलों के साथ परोसें, इसके साथ आप रोटी भी खा सकते हैं. आलू-मूली की यह सब्जी खाने में काफी मजेदार लगती है.









