एनएचएम फंड पर उठे सवाल, आरटीआई से मांगा गया पूरा हिसाब-किताब
मनेन्द्रगढ़/एमसीबी
जिले में स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े खर्चों को लेकर पारदर्शिता की मांग तेज हो गई है। मनेन्द्रगढ़ निवासी दीपक सोनी ने सूचना के अधिकार अधिनियम 2005 के तहत मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) कार्यालय से राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के वित्तीय लेन-देन का पूरा ब्यौरा मांगा है।
आवेदक ने अपने आवेदन में वर्ष 2025-26 के दौरान एनएचएम के तहत स्वीकृत कुल राशि, मदवार आवंटन और अब तक हुए खर्च की विस्तृत जानकारी की प्रमाणित प्रति उपलब्ध कराने की मांग की है।
बताया जा रहा है कि इस आवेदन के जरिए स्वास्थ्य विभाग में हुए फंड के उपयोग और पारदर्शिता पर सीधा सवाल खड़ा किया गया है। यदि जानकारी सामने आती है, तो यह स्पष्ट हो सकेगा कि स्वास्थ्य सेवाओं के लिए जारी राशि का उपयोग किस प्रकार और किन मदों में किया गया।
स्थानीय स्तर पर इस आरटीआई आवेदन को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि इससे स्वास्थ्य योजनाओं के क्रियान्वयन और वित्तीय प्रबंधन की वास्तविक स्थिति उजागर हो सकती है।
अब नजरें इस बात पर टिकी हैं कि स्वास्थ्य विभाग निर्धारित समयसीमा में कितनी पारदर्शिता के साथ जानकारी उपलब्ध कराता है।






![विकसित भारत–गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) [VB-G RAM-G] का प्रदेश में भव्य शुभारंभ](https://anjanikhabar.info/wp-content/uploads/2026/07/jIRAM_03-2-238x178.jpg)


