अस्पताल में आयुष्मान के कर्मचारियों के कारण दिनभर टूटे पैर लेकर भटकता रहा मरीज

धनबाद
शहीद निर्मल महतो मेडिकल कालेज एवं अस्पताल के आयुष्मान केंद्र के कर्मचारियों के सहयोगात्मक रवैया के कारण गोमो के खेसमी से आए मरीज को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। मरीज चंदन विश्वकर्मा का 15 दिन पहले दाहिना पैर टूट गया था। अस्पताल में आने के बाद उसका डॉक्टरों ने कच्चा प्लास्टर करके आज बुलाया था। चंदन का आयुष्मान कार्ड के तहत शुरुआती में इलाज किया गया। आज चंदन के अस्पताल पहुंचने पर आयुष्म केंद्र के कर्मचारियों ने कोई सहयोग नहीं किया। कर्मचारियों ने 3 तल्ले पर स्थित हड्डी रोग विभाग के ऑपरेशन थिएटर में भेज दिया। चंदन मात्र बैसाखी के सहारे किसी तरह कैसे 3 तल्ले पर गया। यहां दिन भर बैठे रहने के बावजूद आयुष्मान केंद्र के कर्मचारी नहीं गए।

बाहर से पट्टी और दवा लाने को कह दिया गया
चंदन ने बताया कि लगभग 2 घंटे तक ऑपरेशन थिएटर के बाहर पक्का प्लास्टर करवाने के लिए वह बैठा। ऑपरेशन थिएटर के कर्मचारियों से जब भी प्लास्टर और पट्टी की मांग की, तो क्या दिया बाहर से लाना पड़ेगा। इसके बाद चंदन ने आयुष्मान केंद्र के कर्मचारियों से मदद मांगी। चंदन ने बताया कि कोई भी कर्मचारी मदद करने को नहीं आया। इसके बाद चंदन 3 तल्ले नीचे उतरकर आयुष्मान केंद्र पहुंचा। वहां आयुष्मान केंद्र के कर्मचारी उस पर भड़क गए और दुर्व्यवहार किया। इसकी शिकायत वरीय स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से की गई है।

5 बजे के बाद आधा पैसा ले लेते हैं केंद्र के कर्मचारी
चंदन ने बताया कि पहली बार जब आयुष्मान कार्ड के तहत इलाज कराने अस्पताल आया था, तब केंद्र के कर्मचारियों ने ₹120 ले लिए थे। कर्मचारियों का कहना था 5 बजे के बाद आयुष्मान में आधा पैसा देना पड़ता है। मामले की शिकायत अधीक्षक डॉ एके बरनवाल को की गई। उन्होंने बताया कि मरीज का तमाम इलाज आयुष्मान के तहत किया जाएगा। जो भी बेवजह मरीज को परेशान करेंगे उन पर कार्रवाई होगी।