शिक्षक भर्ती प्रक्रिया को जल्द शुरू करने की मांग को लेकर धरना – प्रदर्शन

रायपुर
प्रदेश में शिक्षकों के साढ़े 14 हजार पदों पर जल्द भर्ती की मांग को लेकर चयनित सैकड़ों अभ्यर्थियों ने सोमवार को नवा रायपुर इंद्रावती भवन स्थित स्कूल शिक्षा संचालनालय का घेराव कर धरना-प्रदर्शन किया। जमकर नारेबाजी करते हुए उन्होंने चेतावनी दी है कि मांग पूरी न होने पर वे सभी बेमियादी धरना आंदोलन शुरू करने के लिये बाध्य होगें।

छत्तीसगढ़ डीएड-बीएड संघ के बैनर पर शिक्षक के लिए चयनित सैकड़ों अभ्यर्थी सोमवार को नवा रायपुर में एकजुट हुए। इसके बाद वे सभी नारेबाजी करते हुए इंद्रावती भवन गेट-एक स्थित स्कूल शिक्षा विभाग के सामने धरने पर बैठ गए। उनका आरोप लगाते हुए कहना है कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने हफ्तेभर में शिक्षक भर्ती प्रक्रिया तुरंत शुरू करने के निर्देश दिए थे, लेकिन विभाग द्वारा भर्ती प्रक्रिया आगे बढ़ाने की बजाय फिर से सत्यापन की तैयारी है। ऐसे में भर्ती में देरी के साथ गड़बड़ी हो सकती है।

संघ के दाऊद खान, सुशांत धरई व अन्य पदाधिकारियों का कहना है कि लॉकडाउन के पहले से प्रदेश में शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया चल रही है। स्कूल शिक्षा विभाग में 14 हजार 580 पदों पर भर्ती की जा रही है, लेकिन कोरोना के चलते यह भर्ती करीब 7 महीने से नहीं हो पाई है। भर्ती शुरू करने की मांग को लेकर चयनित युवाओं ने पिछले 22 अगस्त को यहां एक दिनी धरना देकर सरकार तक अपनी बात पहुंचाई थी। सात सितंबर सीएम निवास का घेराव किया था। इस दौरान मुख्यमंत्री ने शिक्षक भर्ती प्रक्रिया हफ्तेभर में शुरू करने के निर्देश दिए थे, लेकिन इसमें और देरी हो रही है। उनका कहना है कि भर्ती प्रक्रिया में काफी अनियमिताएं भी बढ़ती जा रही है। व्याख्याताओं की अंतिम निराकरण सूची एवं शिक्षक, सहायक शिक्षक व विज्ञान प्रयोगशाला की पात्र-अपात्र सूची आनी थी, वहां मुख्यमंत्री की बातों की अवहेलना की जा रही है।